ओड़िया जाति के गौरव और स्वाभिमान के प्रतीक हैं गंगाधर मेहर : मुख्यमंत्री
भुवनेश्वर, (निप्र) : ओड़िया साहित्य के महान हस्ताक्षर एवं ‘स्वभाव कवि’ के रूप में विख्यात गंगाधर मेहर की पुण्यतिथि मनाई गई। इस अवसर पर मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी। ओडिशा विधानसभा परिसर के पास स्थित स्वभाव कवि की प्रतिमा पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि गंगाधर मेहर ओडिय़ा जाति के गौरव और स्वाभिमान के प्रतीक हैं। उनकी साहित्यिक कृतियों ने ओडिय़ा भाषा और साहित्य को समृद्ध किया है तथा वे आने वाली पीढिय़ों के लिए प्रेरणास्रोत हैं।
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री कनक वर्धन सिंहदेव, उपमुख्यमंत्री प्रभाती परिडा, ओडिय़ा भाषा, साहित्य एवं संस्कृति मंत्री सूर्यवंशी सूरज, एकाम्र विधायक बाबू सिंह, सरकारी मुख्य सचेतक सरोज कुमार प्रधान, वरिष्ठ राजनेता प्रियदर्शी मिश्र, विधानसभा के सचिव सत्यव्रत राउत सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों ने भी स्वभाव कवि को श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों ने गंगाधर मेहर के साहित्यिक योगदान को स्मरण करते हुए उन्हें ओडिय़ा भाषा और संस्कृति का अमूल्य धरोहर बताया।