केंदुझर, (निप्र) : केंदुझर जिला सहित राज्य के विभिन्न हिस्सों में धान खरीद में उत्पन्न अव्यवस्था और कानून-व्यवस्था की गिरती स्थिति के विरोध में बीजू जनता दल (बीजद) की जिला इकाई ने विशाल प्रदर्शन और जनसभा आयोजित की। जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे पार्टी कार्यकर्ता, नेता और जनप्रतिनिधि काली मैदान से रैली निकालते हुए शहर परिक्रमा कर जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे।
जिला अध्यक्ष आशीष चक्रवर्ती की अध्यक्षता में आयोजित सभा में घसिपुरा विधायक एवं पूर्व मंत्री बद्रीनारायण पात्र, आनंदपुर विधायक अभिमन्यु सेठी, जिला परिषद अध्यक्ष सागरिका साहू, पूर्व सांसद माधव सरदार और पूर्व विधायक जगन्नाथ नायक सहित कई नेताओं ने राज्य सरकार की नीतियों की आलोचना की। घसिपुरा विधायक बद्रीनारायण पात्र ने कहा कि केंदुझर मुख्यत: कृषि प्रधान जिला है, जहां अधिकांश परिवार प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से कृषि पर निर्भर हैं। इसके बावजूद चालू खरीफ सत्र में धान खरीद की अव्यवस्था के कारण हजारों किसान आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि खरीद प्रक्रिया में भारी देरी, प्रशासनिक कुप्रबंधन और मंडियों के समय पर नहीं खुलने से किसान अपनी उपज न्यूनतम समर्थन मूल्य से कम दर पर बेचने को मजबूर हैं। राज्य सरकार द्वारा 73 लाख मीट्रिक टन धान खरीद का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन अब तक लगभग 30.49 लाख मीट्रिक टन ही खरीदा जा सका है। जिला अध्यक्ष आशीष चक्रवर्ती ने कहा कि छत्तीसगढ़, जो ओडिशा से छोटा राज्य है, अब तक लगभग 127 लाख मीट्रिक टन धान खरीद चुका है। इसके विपरीत ओडिशा में घोषित 4083 धान खरीद केंद्रों में से केवल 2893 केंद्र ही चालू हो पाए हैं, जिससे किसानों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि घोषित न्यूनतम समर्थन मूल्य के अनुरूप किसानों को 3169 रुपये प्रति क्विंटल मिलना चाहिए, लेकिन उन्हें केवल 3100 रुपये दिए जा रहे हैं। साथ ही प्रति किसान 150 क्विंटल की सीमा तय करने से भी किसानों में असंतोष है। आनंदपुर विधायक अभिमन्यु सेठी ने जिले में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि बढ़ते अपराध और प्रशासन पर राजनीतिक दबाव के आरोपों से आम जनता में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है।
उन्होंने राज्यपाल से हस्तक्षेप कर धान की पारदर्शी और कटौती-मुक्त खरीद सुनिश्चित करने, समय पर भुगतान करने और कानून-व्यवस्था बहाल करने की मांग की। सभा के बाद राज्यपाल के नाम ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से सौंपा गया। प्रदर्शन में कई वरिष्ठ एवं युवा नेता तथा जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में शामिल हुए।