‘सेवा और सुरक्षा’ ही ओडिशा पुलिस की पहचान : डीजीपी खुरानिया
भुवनेश्वर, (निप्र) : ओडिशा पुलिस का मूल मंत्र ‘सेवा और सुरक्षा’ है। यह केवल एक वाक्य नहीं, बल्कि हमारी पहचान है, यह बात पुलिस महानिदेशक योगेश बहादुर खुरानिया ने ओडिशा पुलिस के 91वें स्थापना दिवस के अवसर पर कही। उन्होंने राज्य को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और नशामुक्त बनाने के लिए पुलिस की प्रतिबद्धता पर जोर दिया। खुरानिया कटक के बक्सी बाजार स्थित रिजर्व पुलिस परेड ग्राउंड में आयोजित समारोह में शामिल हुए, जहां उन्होंने परेड की सलामी ली और निरीक्षण किया।
इस अवसर पर उन्होंने उत्कृष्ट सेवा देने वाले पुलिसकर्मियों को सम्मानित भी किया। उन्होंने शहीद पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। ओडिशा पुलिस की स्थापना 1 अप्रैल 1936 को ओडिशा प्रांत के गठन के साथ हुई थी। डीजीपी ने कहा कि पिछले 91 वर्ष संघर्ष, समर्पण और सफलता के गौरवशाली अध्याय रहे हैं।
उन्होंने माओवाद के खिलाफ ओडिशा पुलिस की सफलता का उल्लेख करते हुए कहा कि कई हार्डकोर माओवादी ढेर किए गए और अनेक ने मुख्यधारा में वापसी की। वर्ष 2025 से अब तक 27 हार्डकोर माओवादी मारे गए और 72 ने आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में वापसी की। इसमें सरकार की ‘समर्पण एवं पुनर्वास नीति’ की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
राज्य को नशामुक्त बनाने का संकल्प
डीजीपी ने साइबर अपराध को एक बड़ी चुनौती बताते हुए कहा कि ओडिशा पुलिस कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) और डेटा एनालिटिक्स के माध्यम से इसका प्रभावी ढंग से मुकाबला कर रही है। ‘ऑपरेशन साइबर कवच’ के तहत 39,714 संदिग्ध बैंक खातों की जांच की गई, जिससे 1,422 नए मामले दर्ज हुए और 379 लोगों को गिरफ्तार किया गया। ओडिशा को नशामुक्त बनाने की दिशा में भी पुलिस को बड़ी सफलता मिली है।
लगभग 3,000 करोड़ रुपये मूल्य के मादक पदार्थ जब्त किए गए और 48,160 एकड़ में अवैध खेती नष्ट की गई। 654 अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया तथा ड्रग माफिया की 10 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की गई। डीजीपी ने कहा कि अगले तीन वर्षों में ओडिशा को पूर्ण रूप से नशामुक्त बनाने का लक्ष्य है। राज्य सरकार पुलिस बल को मजबूत करने के लिए नए पद सृजित कर रही है, भर्ती प्रक्रिया तेज कर रही है तथा नई बटालियन और इकाइयों का गठन किया जा रहा है।
खेल के क्षेत्र में भी ओडिशा पुलिस की उपलब्धियों की सराहना
डीजीपी ने खेल के क्षेत्र में भी ओडिशा पुलिस की उपलब्धियों की सराहना की। हाल ही में ऑल इंडिया पुलिस शूटिंग प्रतियोगिता में टीम ने दूसरा स्थान प्राप्त किया। इसके अलावा राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में खिलाड़ियों ने कई पदक जीते, जिनमें रोइंग में स्वर्ण पदक भी शामिल है। राज्य पुलिस एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 11 नए ‘मीट रिकॉर्ड’ भी बने। इस अवसर पर अतिरिक्त डीजीपी (मुख्यालय) प्रतीक मोहंती ने राज्यपाल और मुख्यमंत्री के संदेशों का वाचन किया। मुख्य अतिथि ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले पुलिस अधिकारियों को नकद पुरस्कार प्रदान किए।